
परीक्षा के दौरान मोबाइल से फोटो लेने के मामले में दो गिरफ्तार।
दरभंगा: लहेरियासराय थाना की पुलिस ने सिपाही भर्ती परीक्षा के दौरान मोबाइल से फोटो लेने के मामले में नीतीश कुमार व सुनील राय को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। 16 जुलाई 2025 को महारानी कल्याणी कॉलेज सहित जिला के के कई स्कूल-कॉलेज में परीक्षा आयोजित की गई थी। नीतीश कुमार जो खगड़िया जिला के रहने वाले हैं, वह महारानी कल्याणी कॉलेज में परीक्षा दे रहे थे।

बताया जा रहा है कि इस दौरान प्रशासन के द्वारा रखे गए वीडियो ग्राफर ने छात्र नीतीश कुमार के प्रश्न पत्र का फोटो मोबाइल से ले लिया। सुनील राय डीएमसीएच के आसपास मोहल्ले में रहता है। हलांकि दोनों को पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ करने के बाद शनिवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया। फिलहाल लहेरियासराय थाना के कोई भी पुलिस पदाधिकारी कुछ भी बताने से परहेज कर रहे हैं।

इधर महारानी कल्याणी कॉलेज के केंद्राधीक्षक को परीक्षा कार्य से हटा दिया गया है। बता दें कि 16 जुलाई 2025 को सिपाही भर्ती परीक्षा का आयोजन किया गया था। उस दौरान वीडियोग्राफर सुनील राय ने प्रश्न पत्र का फोटो खींचकर मोबाइल में रख लिया था। एडीएम सह मुख्य सहायक परीक्षा नियंत्रक अनिल कुमार ने बताया है कि प्रश्न पत्र का कुछ अंश परीक्षा के बाद मोबाइल, टैब व अन्य जगह आया है।

इससे परीक्षा पर कोई असर नहीं पड़ा, लेकिन प्रश्न पत्र का फोटो बाहर नहीं आना चाहिए था। मामले की जांच की जा रही है। यदि वीडियोग्राफर के द्वारा प्रश्न पत्र की फोटो खींची गई है। वह किस कारण फोटो खींचकर मोबाइल में रखा या वह किसी अन्य को परीक्षा के दौरान भेज चुका है, इसकी भी तहकीकात की जा सकती है। आखिर वीडियोग्राफर मोबाइल और टैब लेकर परीक्षा हॉल के अंदर कैसे घूम रहा था। क्लासरूम में तैनात शिक्षक सहित केंद्र अधीक्षक को भी दोषी माना जा रहा है।

फिलहाल किन-किन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, इसकी जानकारी नहीं दी जा रही है। प्रश्न पत्र का फोटो में छात्र नीतीश कुमार का रौल नम्बर लिखा पाया गया। जिस वजह से पुलिस ने उसे खगड़िया जिला से गिरफ्तार कर लाई है। इससे पूर्व भी नौकरी भर्ती परीक्षा में कई मुन्ना भाई पकड़े जा चुके हैं, लेकिन सरगना की गिरफ्तारी अब तक नहीं हो पाई। 20 जुलाई 2025 को भी सिपाही भर्ती परीक्षा होने वाली है।
सदर एसडीपीओ राजीव कुमार ने बताया कि फोटो खींचने वाला व्यक्ति की पहचान कर गिरफ्तार कर लिया गया है। प्रश्न पत्र वायरल नहीं हो पाया था। एक दिन बाद फोटो खींचे गए प्रश्न पत्र को कहीं अपलोड किया गया था, जिसको लेकर जांच की गई तो सत्य पाया गया। उस मामले में छात्र और वीडियोग्राफर को गिरफ्तार कर लिया गया है।
वहीं महारानी कल्याणी कॉलेज के केंद्र अधीक्षक और वीक्षक भी दोषी लग रहे हैं, क्योंकि उनके कॉलेज में यह घटना घटी है। ऐसी स्थिति में उनकी भी जिम्मेवारी बनती है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले का जांच किया जा रहा है जल्द हीं मामले का उद्भेदन कर दिया जाएगा।

