
एटीएम से पैसे निकालने के दौरान बीएमपी जवान से हुए विवाद ने लिया उग्र रूप। Voice of Darbhanga

दरभंगा: सोमवार को उस समय अजब नजारा देखने को मिला जब कानून की रक्षा करने की जिम्मेदारी उठाने वाले बीएमपी के जवान कानून को हाथ में लेकर तांडव मचा रहे थे। महज मामूली से बात को लेकर इस तरह पुलिस के कारनामे से लोग हतप्रभ है। हद तो यह कि इन्हें संभालने में पुलिस के आला अधिकारियों को भी काफी मशक्कत करनी पड़ी। गंज चौक से कबीरचक तक जवानों ने जमकर लाठियां भांजी। इस दौरान आने-जाने वाले राहगिरों को भी नहीं छोड़ा। जो जहां मिला उसे पीटते चले गए। स्थानीय दुकानदार मार खाने के बाद इस बात से अचंभित थे कि आखिर उसका कसूर क्या है। इस दौरान कई दुकान को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया। जवानों की पिटाई से घायल लोगों को पुलिस ने डीएमसीएच में भर्ती कराया। इसमें तीन लोगों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है। दो लोगों का सर फटा हुआ है। जख्मी रामकुमार यादव, दिनेश यादव व छोटू यादव ने बताया कि हमलोगों को क्यों पीटा गया इसकी जानकारी नहीं है। वहीं स्थानीय लोगों ने बीएमपी जवानों पर घर में घूसकर पीटने का भी आरोप लगाया। हालांकि, की घटना में तीन बीएमपी के जवान भी चोटिल हैं। बताया जा रहा है कि आक्रोशित लोगों के निशाने पर घटना से अंजान तीन जवान आ गए। इसके बाद कई लोग उसपर टूट पड़े। बीएमपी कैंप के एटीएम से रुपये निकालने को लेकर पवन महतो व बीएमपी जवान के बीच हुई मारपीट का मामला इतना भयावह हो जाएगा यह किसी को यकीन नहीं हो रहा है। मामला को नियंत्रित करने के लिए दंगा नियंत्रण दस्ता के जवानों ने फ्लैग मार्च करना पड़ा। हालांकि, प्रशासनिक अधिकारियों की सूझ-बुझ से मामला को शांत करा दिया गया। इस दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन को काफी सहयोग दिया। हालांकि, ग्रामीणों को कहना था कि यहां के जवान बार-बार घटना को अंजाम देते हैं। अवासीय इलाके से कैंप हटाने की मांग भी कर रहे थे। लेकिन, सभी को शांत करा दिया गया। घटना को लेकर बहादुरपुर थाना में दोनों ओर से प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया देर रात तक चलती रही। इधर, घंटो रोड जाम रहने से आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, जाम खुलते ही स्थिति सामान्य हो गई।

