
विश्वविद्यालय का महत्वपूर्ण कार्य है शोध : कुलपति। Voice of Darbhanga

दरभंगा : ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सुरेन्द्र कुमार सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय का मुख्य कार्य शोध होता है. जिसमें शोध पत्रिका की महत्वपूर्ण भूमिका होती है. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के द्वारा शोध पत्रिका को सूचीबद्ध किया जाता है. इस पत्रिका को भी इसमें शामिल करने के लिए प्रयास किया जाना चाहिए. कुलपति स्रातकोत्तर मैथिली विभाग में शोध पत्रिका विमोचन के पश्चात अपने विचार व्यक्त कर रहे थे. इस अवसर पर प्रतिकुलपति प्रो. जयगोपाल ने कहा कि विज्ञान शोध में डाटा की बात होती है, लेकिन साहित्य में मनोरंजन के साथ-साथ खुशी प्राप्त होती है. उन्होंने कहा कि शोध पत्रिका की गुणवत्ता पर ध्यान देना आवयश्क है. शोध पत्रिका में कभी भी आलेख का प्रकाशन बिना मूल्य के नहीं होना चाहिए, ताकि गुणवत्ता का प्रभाव नहीं पड़े. पूर्व कुलपति प्रो. राजकिशोर झा ने कहा कि मैथिली भाषा के विकास में हर व्यक्ति को सहयोग करना चाहिए. वहीं अर्थशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ. राम भरत ठाकुर ने कहा कि समाज में व्याप्त कुरीतियों को दूर करने में शोध पत्रिका के महत्वपूर्ण भूमिका है. प्रो. धीरेन्द्रनाथ मिश्र ने कहा कि मैथिली विभाग शोध पवित्रा की गुणवत्ता में बढ़ोतरी के लिए प्रतिबद्ध है. इस मौके पर दर्शनशास्त्र विभागाध्यक्ष प्रो. अमरनाथ झा, चंद्रधारी मिथिला महाविद्यालय में मैथिली विभागाध्यक्ष डॉ. नारायण झा, सिंडीकेट सदस्य डॉ. बैद्यनाथ चौधरी बैजू, प्रो. भीमनाथ झा, डॉ. कुलकांत मिश्र, शोध छात्रा पूष्प लता आदि ने विचार रखे. अतिथियों का स्वागत प्रो. रमन झा, धन्यवाद ज्ञापन डॉ. वीणा ठाकुर और मंच संचालन डॉ. नीता झा ने किया.

