
तो क्या योगी आदित्यनाथ की सुरक्षा पर गम्भीर खतरा था! Voice of Darbhanga
दरभंगा: दरभंगा आये यूपी के मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ के संबोधन के लिए बुलेटप्रूफ पोडियम लगाया गया. ऐसे पोडियम सामान्य परिस्थिति में नहीं लगाये जाते,सो बहस शुरु हो चुकी है.
प्रधान मंत्री राजीव गांधी के समय तक ऐसे बुलेटप्रूफ पोडियम तो इंडिया में आये ही नहीं थे. वे मारे गये. बाद में,बुलेटप्रूफ पोडियम देखे जाने लगे,लेकिन प्रयोग बहुत कम दिखा. जनसभाओं में तो बिलकुल नहीं. हां,स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के मौके पर लालकिला की प्राचीर से संबोधन में ऐसे बुलेटप्रूफ पोडियम के पीछे से प्रधान मंत्री और राष्ट्रपति को जरुर देखा गया है. तब,खतरा सर्वोच्च स्तर पर होता है. हर साल अलर्ट जारी होता है कि आतंकी खलल डालने को देश में घुसे हुए हैं. जम्मू-कश्मीर में ऐसे पोडियम वीवीआईपी के कार्यक्रम में लगाये जाते रहे हैं.
पर दरभंगा में योगी आदित्यनाथ के साथ ऐसा क्या था. आखिर कौन-सा खतरा था. क्या बिहार-यूपी या देश की किसी खुफिया एजेंसी का विशेष अलर्ट था. वजह कि बुलेटप्रूफ पोडियम बगैर किसी बड़े थ्रेट के लगाये नहीं जाते. बताया जा रहा है कि योगी आदित्यनाथ को प्रदत्त विशेष सुरक्षा दस्ते की सिफारिश पर यह बुलेटप्रूफ पोडियम लगा था. विशेष सुरक्षा दस्ता कई दिनों से दरभंगा में कैंप कर रहा था.
हालांकि योगी के विरोध में भीम आर्मी संगठन और कई छात्र संगठनों के द्वारा विरोध कई दिन पूर्व से हो रहा था जो आज विरोध प्रदर्शन भी देखने को मिला । हो सकता है इसी वजह से विशेष सुरक्षा बढ़ा दी गई थी ।
योगी के बुलेटप्रूफ पोडियम पर राजनैतिक बहस भी छिड़ गई है. लालू प्रसाद के बेटे और हेल्थ मिनिस्टर तेज प्रताप यादव ने ट्वीट करते हुए कहा है – ‘बिहार के प्रति गलत धारणा रखने वाले लंबी-लंबी हांक रहे हैं. नहीं तो बुलेटप्रूफ मंच क्यों ? ‘

