
अवैध बूचड़खानों के विरोध में भाजपा नेताओं का धरना-प्रदर्शन दिखावा: इक़बाल अंसारी। Voice of Darbhanga

दरभंगा: बूचड़खानों को बन्द करने की राजनीति अब दभंगा में भी गरमा गयी है शायद। आरटीआई के माध्यम से बूचड़खानों को करोड़ो की सब्सिडी के खुलासा का दावा करने वाले जदयू तकनीकी प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष इक़बाल अंसारी के बयान के बाद नेता का बयान बुधवार को विश्व हिंदू परिषद के बैनर तले भाजपा नेताओं द्वारा अवैध बूचड़खानों के विरोध में धरना प्रदर्शन किया गया। इस धरना प्रदर्शन पर जदयू नेता इकबाल अंसारी ने पुनः पलटवार करते हुए इसे दिखावा करार देते हुए इसे भाजपा के दोहरी नीति का परिचायक बताया है। श्री अंसारी ने गुरुवार को एक प्रेस-विज्ञप्ति जारी कर कहा कि गत एक जुलाई को प्रेस-कांफ्रेस के माध्यम केंद्र सरकार की दोहरी नीति के प्रति जो खुलासे किए वह सच्चाई है जिससे भाजपा में बौखलाहट है और वह इस सच्चाई को पचा नही पा रहा है। यह धरना प्रदर्शन एक दिखवा मात्र है । बीजेपी नौंटकी कर रही है जिससे कि किसी खास समुदाय के दिल मे जगह बना सके लेकिन मिथिला वासी बहुत समझदार है इनके इस चाल और चरित्र को अच्छे से समझती है। नगर विधायक के इस रूप को भी दरभंगा की जनता देख रही है जो आने वाले विधानसभा चुनाव में वैसे ही हाल करने वाली है जो हाल भाजपा का निगम चुनाव में हुआ है। श्री अंसारी ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि अगर हिम्मत है तो साक्ष्य प्रस्तुत करे कि बूचड़खानों को करोड़ो की सब्सिडी नही दी गई और न ही कोई भी नए बूचड़खाने खोले गए। एक तरफ तो केंद्र की सरकार बूचड़खानों को बढ़ावा देने हेतु लाख नही बल्कि करोड़ो की सब्सिडी देती है, वहीँ दूसरी ओर बीजेपी वाले वोटबैंक के लिए ओछी राजनीत करते है। देश के केरल राज्य सहित नॉर्थ-ईस्ट भाग में अभी भी बीफ पर पाबंदी नही है और केरल के अलावा नॉर्थ-ईस्ट में भी करोड़ो रुपये की सब्सिडी केंद्र सरकार ने बुचरखनो पर दी है। पूरे देश मे अशांति का माहौल कायम करने वाली बीजेपी शांति की दुहाई दे यह हास्यस्पद है। दरभंगा जदयू तकनीकी प्रकोष्ठ के तरफ से प्रस्तुत किये गए सभी आरोप तथ्यपूर्ण और सत्य है जिसे सूचना के अधिकार के अंतर्गत केंद्रीय खाध प्रसंस्करण उधोग मंत्रालय से प्राप्त हुआ है जिसके केंद्रीय मंत्री स्वयं भाजपाई है। पूरे देश में अराजकता का माहौल कायम करने वाले बीजेपी अब बिहार खासकर दरभंगा में कुछ बीजेपी एवं इनके सहयोगियों के द्वारा माहौल को खराब करने का भरपूर प्रयास किया जा रहा है जिसे कभी कामयाब नही होने दिया जाएगा। साथ ही प्रसाशन को भी ऐसे समाज मे नफरत फैलाने वाले नेताओं पर नज़र रखनी होगी अन्यथा ये बीजेपी वाले कब शहर की शांति भंग कर देंगे कहना मुश्किल है। बीजेपी के लोग सच्चाई का सामना करना सीखें। बीजेपी के नेता निंदा और प्रदर्शन नही बल्कि इस दोहरी नीति के लिए देश से माफी मांगे।

