
सेवा में सुस्ती बरतने वाले बैंकों पर जिला प्रशासन सख्त। Voice of Darbhanga

दरभंगा : बाढ़ राहत की राशि खातों में देने के कार्य में लापरवाही एवं आनाकानी करने वाले बैंक प्रबंधकों से जिलाधिकारी डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने स्पष्टीकरण पूछा है. साथ ही चेतावनी दी है कि स्थिति में सुधार नहीं हुई तो आपदा प्रबंधन एक्ट 2005 के तहत प्राथमिकी दर्ज करायी जाएगी. जिलाधिकारी आज बैंकों की कार्यकलापों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा कर रहे थे. जिलाधिकारी ने बैंक अधिकारियों से कहा कि विभिन्न बैंक शाखाओं के बारे में लगातार शिकायतें मिल रही है कि पीड़ित लोगों के खाते में राशि देने में आनाकानी कर रहे है. जो गंभीर मामला है. जिलाधिकारी ने चेतावनी दी कि बैंकों के क्रियाकलाप के विरूद्ध वित विभाग और आरबीआई को लिखित शिकायतें भेजी जाएगी. उन्होंने बैंक अधिकारियों निदेश दिया कि 26 सितम्बर तक उपलब्ध राशि बाढ़ पीड़ितों के सूची के अनुरूप उनके बैंक खातों में दे दी जाय.
बैठक में हायाघाट के विधायक अमरनाथ गामी ने बैंकों द्वारा ऋण देने में सुस्ती का मुद्दा भी उठाया. श्री गामी ने कहा कि लक्ष्य तो दूर, ऋण वसूली के बराबर भी लोन बैंक नही दे रहा है. ऐसे बैंकों से सरकारी खातों को हटाकर अच्छी सेवा देने वाले बैंकों में ट्रांसफर करने केलिए उन्होंने सरकार को लिखने की बात कही। साथ ही हायाघाट में नया बैंक खोलने के साथ साथ सेन्ट्रल बैंक की शाखा को अविलम्ब किसी बड़ी जगह स्थान्तरित करने का प्रस्ताव भी रखा. उन्होंने बताया कि ग्राहकों की संख्या लगातार बढ़ी और सरकारी योजनाओं के खाते से बैंकों का मुनाफा भी हो रहा है. पर ग्राहकों की सुविधा का बिलकुल भी ध्यान नही रखा जा रहा है.
समीक्षा बैठक में महापौर बैजंती देवी खेड़िया, उपसिकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, प्रखंडों के वरीय पदाधिकारी, जिला जनसम्पर्क पदाधिकारी, बैंक के प्रतिनिधि सहित सबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे.

