
डीएमसीएच में पैथोलॉजी जाँच ठप होने पर मरीजों ने किया हंगामा। Voice of Darbhanga
दरभंगा: एकरारनामे की अवधि बुधवार की रात समाप्त हो जाने को लेकर डीएमसीएच में पीपीपी के तहत चल रहे डोयन लैब में दोपहर बाद जांच के लिए मरीजों का सैंपल लेना बंद कर दिया गया। सैंपल नहीं लिए जाने से आक्रोशित करीब तीन दर्जन मरीजों ने अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर हंगामा किया।
मुफ्त जांच के लिए उन्हें दिए गए पीले रंग के पुर्जे लहराते हुए मरीजों जांच की व्यवस्था करने की मांग कर रहे थे। काफी समझाने-बुझाने के बाद वे शांत हुए। इधर, डोयन लैब का एकरारनामा समाप्त होने के बाद मरीजों को होने वाली परेशानी से निबटने के लिए प्राचार्य डॉ. आर के सिन्हा ने अधीक्षक, उपाधीक्षक व विभागाध्यक्षों की बैठक बुलाई।
सूत्रों के अनुसार विचार विमर्श करने के बाद सर्वसम्मति से डोयन लैब को एक महीने का एक्सटेंशन देने पर सहमति बनी। हालांकि बाद में डोयन लैब के बंद होने से मरीजों को होने वाली परेशानी से राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक को जानकारी देने का निर्णय लिया गया। दूरभाष पर कार्यपालक निदेशक को पूरी जानकारी दी गई।
कार्यपालक निदेशक ने कहा कि एकरारनामा समाप्त होने की जानकारी उन्हें पूर्व में क्यों नहीं दी गई। इस पर उपाधीक्षक डॉ. बालेश्वर सागर ने उन्हें बताया कि अधीक्षक कार्यालय की ओर से इस संबंध में पत्र लिखा गया था। कार्यपालक निदेशक ने मामले को देखने का आश्वासन देते हुए कहा कि चार-पांच दिनों में निर्णय ले लिया जाएगा। उपाधीक्षक ने इसकी पुष्टि की।
वहीं दूसरी ओर डोयन लैब की ओर से भी राज्य स्वास्थ्य समिति को पत्र लिखा गया है। पत्र में कहा गया है कि राज्य स्वास्थ्य समिति से उसका एकरारनामा वर्ष 2008 से 2018 तक का हुआ था। डीएमसीएच में उसे वर्ष 2011 में जगह उपलब्ध कराई गई। तक जाकर वहां काम शुरू हो सका। डोयन लैब के प्रबंधक ने इसे देखते हुए एकारनामा को कम से कम चार साल के लिए विस्तार करने का अनुरोध किया है।
बहरहाल डीएमसीएच पहुंचने वाले हजारों मरीजों में से अधिकांश की पैथोलॉजी जांच डोयन लैब में होती थी। डीएमसीएच का क्लीनिकल पैथोलॉजी विभाग दोपहर को दो बजे बंद हो जाता है। रविवार को भी वह बंद रहता है।

