
पटना के बाद दरभंगा में भी सवर्ण प्रदर्शनकारियों पर डीएसपी के नेतृत्व में पुलिस ने भांजी लाठियाँ। Voice of Darbhanga

दरभंगा: शनिवार को मधुबनी में स्टेडियम में उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी को काला झंडा दिखाने वाले सवर्णो को जहाँ पुलिस द्वारा खदेड़ दिया गया वहीं दरभंगा में सवर्ण प्रदर्शनकारियों पर पुलिस ने सदर डीएसपी के नेतृत्व में लाठियाँ भांजी जिसमे करीब आधा दर्जन कार्यकर्ता घायल हो गए।
शहर के आयकर चौराहा के पास सुशील मोदी के आगमन पर एसएसटी एक्ट एवं पटना लाठीचार्ज के विरोध में प्रदर्शन कर रहे सवर्णों को पुनः एकबार लाठियाँ खानी पड़ी। डिप्टी सीएम के आगमन के पूर्व
प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने केलिए सैकड़ो की संख्या ने पुलिस बल उतार दिया गया। कई बार खदेड़ा भी गया। प्रदर्शनकारी बार बार शांतिपूर्वक प्रदर्शन करने देने की माँग कर रहे थे। परंतु सदर डीएसपी अनोज कुमार द्वारा कहा गया कि विरोध नही करने दिया जाएगा। यदि प्रतिनिधिमंडल मिलना चाहे तो वह बात करवा सकते हैं। इसके वाबजूद काफिला के आते ही प्रदर्शनकारी सड़क पर आ गए और जमकर सुशील मोदी एवं नगर विधायक संजय सरावगी के खिलाफ नारे लगाने लगे। सुशील मोदी गो बैक के नारे नारे बार बार लागाये जा रहे थे एवं काले झंडे दिखाए जा रहे थे।
इसपर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़ कर पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान प्रदर्शन कर रहे संतोष सिंह के दाहिने कान से जहां खून निकलते दिखा वहीं पुरुषोत्तम राठौड़ का पैर टूट गया जिसे बाद में प्लास्टर करवाया गया। कई अन्य कार्यकर्त्ताओं को भी चोट आयी। वहीं घायल संतोष सिंह ने कहा कि नगर विधायक संजय सरावगी के कहने पर पुलिस ने उनलोगों को पीटा।
प्रदर्शनकारियों में मुख्य रूप से ऑल बिहार ब्राह्मण फेडरेशन के जिलाध्यक्ष प्रभाकर झा, प्रवक्ता राजीव झा, निखिल झा, कृष्णकांत चौधरी, मुरारी चौधरी, क्षत्रिय महासभा के जिला उपाध्यक्ष नवनीत सिंह उर्फ बिजली सिंह, संतोष सिंह, सवर्ण सेना के प्रभात प्रखर सहित दर्जनों कार्यकर्ता शामिल थे।

