
पैदल आ रहे प्रवासियों को वाहन द्वारा उनके गंतव्य तक पहुंचाने का डीएम ने दिया निर्देश।
दरभंगा: लॉकडाउन के चलते देश के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर परिवार एवं बच्चों के साथ पैदल ही आ रहे हैं। देश की सरकारों द्वारा प्रवासी मजदूरों को सड़कों, रेलवे पटरियों आदि पर पैदल नहीं चलने का आग्रह किया जा रहा है। जिला प्रशासन को भी निर्देश है कि लॉकडाउन में कोई भी मजदूर पैदल नहीं चलें। इससे प्राय: दुर्घटनाएं भी हो रही हैं। लेकिन इनलोगों के सड़कों पर पैदल चलकर आने का सिलसिला लगातार जारी है।
इस बाबत डीएम डॉ. त्यागराजन एसएम ने सभी बीडीओ को निर्देश दिया है कि अपने स्तर से पर्याप्त संख्या में छोटे वाहन अधिग्रहित कर रखेंगे, जिससे आवश्यकता पड़ने पर उन वाहनों को पैदल जा रहे मजदूरों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने का कार्य करेंगे। इस पर होने वाला व्यय आपदा प्रबंधन के तहत आवंटित राशि जनसंख्या निष्क्रमण मद से किया जायेगा। कहा है कि आवश्यकतानुसार सरकारी वाहनों का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें थाना प्रभारी को सहयोग प्रदान करने का निर्देश दिया गया है।
डीएम ने कहा है कि बड़ी संख्या में प्रवासी लोगों का जिले में लगातार आगमन हो रहा है। प्रखंड क्वारंटाइन केन्द्रों में सोमवार तक 24,000 से अधिक प्रवासी ठहराये गये हैं। इन सभी के लिए क्वारंटाइन केन्द्रों में समुचित व्यवस्था सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय पदाधिकारी क्वारंटाइन केन्द्रों को सुगमतापूर्वक संचालित करने में पूरी तत्परता से लगे हुए हैं। उन्हें वरीय अधिकारियों का सकारात्मक सहयोग अपेक्षित है। सभी प्रखंडों में जिला, अनुमंडल स्तरीय एक-एक पदाधिकारी को प्रभारी बनाया गया है, जो प्रखंड के सभी कार्यों के लिए जिम्मेवार हैं। सोमवार को सभी अधिकारियों को चार-चार क्वारंटाइन केन्द्रों एवं इतने ही पीडीएस की दुकानों का निरीक्षण करने का निर्देश दिया गया था। उन्होंने संध्या में निरीक्षण प्रतिवेदन समर्पित किया। डीएम ने सभी निरीक्षी पदाधिकारी से आवंटित प्रखंडों के क्वारंटाइन केन्द्रों में व्यवस्थाएं एवं जन वितरण प्रणाली
दुकानों में खाद्यान्न वितरण की स्थिति का जायजा लिया। सभी पदाधिकारियों द्वारा क्वारंटाइन केन्द्रों में सभी व्यवस्थाएं सामान्य रहने की बात बताई गई जबकि जन वितरण प्रणाली की दुकानों में खाद्यान्न का पूरा आवंटन अब तक प्राप्त नहीं होने के चलते वितरण कार्य धीमी बताया गया।

