
प्रशासनिक स्तर पर होगी अब कोरोना संक्रमित मृतकों के शव की अंत्येष्टि और दफ़न।
दरभंगा: जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एसएम के निर्देश पर रविवार को अम्बेडकर सभागार में कोरोना संक्रमित मृतकों के शव की अंत्येष्टि और दफन को लेकर एक आपात बैठक नगर पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में नगर आयुक्त, सिटी एसपी, सदर एसडीओ, शहर के सभी थाना प्रभारी, सदर एवं बहादुरपुर के बीडीओ एवं अंजुमन खुदाम-ए-मिल्लत तथा कबीर सेवा संस्थान के सदस्यगण मौजूद थे।
बैठक में शुक्रवार और शनिवार को कोरोना से मृत शव निस्तारण में कठिनाई और एक पखवारा पूर्व शव दफन में कब्रिस्तान चयन को लेकर हुए विवाद पर चिंता जताते हुए इस समस्या को गंभीरता से लेने की बात कही गई।
ज्ञात हो कि शुक्रवार को कोरोना संदिग्ध शव को दाह संस्कार हेतु श्मशान तक पहुंचाने में पदाधिकारियों, पुलिस के आपसी तालमेल में थोड़ी सी चूक के कारण लोगों का गुस्सा फूट पड़ा था।
लोगों को संदेह था कि कोरोना संक्रमित मृतक का शव उनके मोहल्ले से ले जाया जा रहा है।
जिससे लोग आक्रोशित हो गए, जिससे शव के साथ जा रहे लोगों ने वाहन में ही पीपीई किट उतार कर अपनी जान बचाई थी और आक्रोशित लोगों को यकीन दिलाया कि मृतक कोरोना संक्रमित नही है।
जान जोखिम में डाल कर कबीर सेवा संस्थान के सेवादारों ने लोगों के भय से बिना पीपीई किट पहन शव का संस्कार किया।
इस घटना से आहत कबीर सेवा संस्थान के कई सदस्यों ने आगे से इस तरह के सहयोग से अलग रहने का निर्णय ले लिया। इसके बाद शनिवार की रात कोरोना संक्रमित शव पटना से आने के बाद मृतक के परिवार के सदस्य गड्ढा करने और गोरहा (शव जलाने की लकड़ी) के लिए भटकटे रहे। स्थानीय लोग रात 12 बजे तक न गड्ढा करने और न गोरहा देने के लिए तैयार थे। नगर आयुक्त, सदर एसडीओ, बीडीओ, थाना प्रभारी आदि के कहने पर भी जब लोग तैयार नही हुए तब रात 12 बजे शान्ति समिति सदस्य नवीन सिन्हा, मो. उमर व लहेरियासराय थाना के
पुलिसकर्मी ने दूसरी जगह से गोरहा की व्यवस्था की। अंततः उसे शमसान में पहुंचाते पहुंचाते देरी हुई और सुबह 4 बजे शव का दाह संस्कार हो पाया। बारिश के कारण भी संस्कार में बाधा हुई।
मृतक के मात्र 5 परिजन, दोनो शांति समिति सदस्य, दो पुलिस कर्मी पर ही गोरहा लाने से लेकर कच्चे रास्ते में शमसान तक पहुंचाने को मजबूर होना पड़ा। इस कारण देरी हुई।
जिलाधिकारी ने इस मामले को गंभीरता से लिया और आगे सरकारी स्तर पर कोरोना से मृत शव की अंत्येष्टि करने का निर्णय लिया। मृतक के परिजन, स्वयंसेवी संस्था, अन्य लोगों का इसमें सहयोग लिया जाएगा, लेकिन जिम्मेवारी प्रसाशन, की होगी।
बैठक में नगर आयुक्त घनश्याम मीना, डीएसपी अनोज कुमार, उप महापौर बदरुजम्मा खान, सिविल सर्जन, ज़िला स्वास्थ्य प्रबंधक इत्यादि भी मौजूद थे।

