
शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया भातृद्वितीया का पर्व।
दरभंगा: शनिवार को शहर लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक में भातृद्वितीया का पर्व बहनों द्वारा पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। मौके पर बहनों ने पूरे विधि- विधान से पूजा-अर्चना कर अपने भाई की लंबी आयु के साथ सुख-समृद्धि की कामना की।
प्रति वर्ष कार्तिक शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाए जाने वाला भाई-बहनों के निश्छल प्रेम का प्रतीक भैया दूज (यम द्वितीया) को लेकर बहनों में गजब का उत्साह देखने को मिला। इसकी तैयारी को

लेकर सुबह से ही चहलकदमी तेज हो गई थी। बहनों ने गाय के गोबर से घर व आंगन की निपाई पुताई कर चकाचक बना डाला। अंत मे किसी कुएं के समीप दर्जनों की संख्याओं में बहनें एकत्रित होकर बजरी को ओखल में कूटकर यमराज से अपने भाइयों की लंबी आयु का वर मांगा।
मिथिला के इस पौराणिक महापर्व भातृ द्वितीया के संदर्भ में ऐसी मान्यता है कि भाई-बहनों के प्रगाढ़ प्रेम का यह पर्व प्रायः सभी सनातनियों के घर में मनाया जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस दिन जो भाई अपनी बहन के घर जाकर भोजन ग्रहण करेगा एवं बहन को उपहार भेंट करेगा, उसकी अकाल मृत्यु नही होगी एवं वह दीर्घायु व निरोग रहेगा।

