
डीएमसीएच शराबकांड में बेंता ओपी प्रभारी की भूमिका संदिग्ध, किये गए निलंबित।
दरभंगा: डीएमसीएच बॉयज हॉस्टल से शराब बरामद होने के मामले की जांच में लापरवाही बरतने को लेकर एसएसपी बाबू राम ने बेता ओपी प्रभारी अकमल खुर्शीद को निलंबित कर दिया है।
इस संबंध में एसएसपी बाबूराम ने बताया कि अनुसंधानक अकमल खुर्शीद, सिटी एसपी अशोक कुमार प्रसाद, सदर एसडीपीओ कृष्ण नंदन कुमार, लहेरियासराय थानाध्यक्ष एच एन सिंह, सर्किल इंस्पेक्टर के साथ समीक्षा की गई।
समीक्षा के क्रम में ओपी प्रभारी अकमल खुर्शीद द्वारा शराब बरामदगी के दिन से तब तक जो कार्रवाई की गई, वह संतोषजनक नहीं पाई गई।
एसएसपी बाबूराम ने बताया कि अनुसंधान के कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर काम करने का निर्देश दिया गया था। जिसमें कई खामियां पाई गईं। साथ ही शराब कारोबारियों की अवैध रूप से अर्जित की गई संपत्ति की शिनाख्त करने का निर्देश दिया गया था। वह भी संतोषजनक नहीं रहा।

एसएसपी बाबूराम ने बताया कि थाना के नजदीक से बड़े पैमाने पर विदेशी शराब की बरामदगी टेक्निकल सेल और एंटीलिकर टास्क फोर्स की टीम द्वारा की गई। यह कार्य बेता ओपी के पदाधिकारियों को करना चाहिए था। उन्होंने बताया कि पर्याप्त समय दिए जाने के बावजूद ओपी प्रभारी से अनुसंधान कार्य नहीं कराया गया। ऐसी परिस्थिति में शराब की तस्करी की रोकथाम में लापरवाही पूर्ण एवं संदिग्ध आचरण तथा अनुसंधान कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में बेता ओपी प्रभारी अकमल खुर्शीद को निलंबित किया गया है।
गौरतलब हो कि तीन दिन पूर्व डीएमसीएच के बॉयज हॉस्टल मेस से 99 कार्टून विदेशी शराब जब्त किया गया था। साथ ही मौके से पिकअप के ड्राइवर की गिरफ्तारी हुई थी। पिकअप ड्राइवर की निशानदेही पर चार कारोबारियों को भी गिरफ्तार किया गया। ऐसा अनुमान लगाया जा रहा है कि डीएमसीएच के बॉयज हॉस्टल के मेस संचालक द्वारा शराबबंदी के बाद से कारोबार किया जा रहा था। फिलहाल पुलिस को इस मामले में पांच अन्य लोगों की तलाश है।

