
महापंडित राहुल सांकृत्यायन की 129वीं जयंती पर संगोष्ठी का आयोजन।
दरभंगा: महापंडित राहुल सांकृत्यायन की 129वीं जयंती शनिवार को मनाई गई। इस अवसर पर जनसंस्कृति मंच, दरभंगा एवं लोहिया चरण सिंह कॉलेज के संयुक्त तत्वावधन में डॉ. रामसेवक स्मृति सभागार में ‘हमारा समय और राहुल सांकृत्यायन का जीवन दर्शन’ विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। अध्यक्षता जसम जिलाध्यक्ष डॉ. रामबाबू आर्य व कॉलेज के शिक्षक डॉ. मिथिलेश ने की।
डॉ. आर्य ने कहा कि आज चारों तरफ सत्ता प्रायोजित दमन व शोषण का आलम है। ऐसे समय में राहुल जी के विचारों की प्रासंगिकता बहुत ज्यादा बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि राहुल जी ने दुनियाभर से

बौद्ध एवं अन्य प्रगतिशील साहित्य का संकलन कर ज्ञानमार्ग तैयार किया। वे प्रगतिशील समाज के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत रहे। वे जितने बड़े लेखक थे उतने ही बड़े सामाजिक कार्यकर्ता व समाजसुधारक भी थे।
मुख्य वक्ता भाकपा माले के वरिष्ठ नेता रामखेलावन सहनी ने कहा कि देश की जनता ने तमाम कुर्बानियों के बाद जो आजादी हासिल की उसे छीना जा रहा है। आज हमारा लोकतंत्र लहूलुहान हो रहा है। क्या ये हमें बर्दाश्त होगा? ये बर्दाश्त नहीं होगा, इसलिए राहुल जी हमें याद आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राहुल जी की किताबों से समाज के हित के लिए कुर्बान हो जाने की प्रेरणा मिलती है। जसम के राष्ट्रीय

कार्यकारिणी सदस्य डॉ. सुरेंद्र प्रसाद सुमन ने कहा कि आज के दौर में अगर राहुल जी होते तो वर्तमान सत्ता द्वारा उन्हें भी राष्ट्रद्रोही करार दिया जाता। बहुत से लोग कहते हैं कि वे यात्रा के शौकीन थे। दरअसल इस व्यवस्था को बदलने की बेचैनी थी जिसने उन्हें आजीवन एक यात्री बनाए रखा। भाकपा माले के वरिष्ठ नेता एवं जसम दरभंगा के जिला उपाध्यक्ष कॉमरेड कल्याण भारती ने कहा कि राहुल जी जीवन में भिन्न-भिन्न वैचारिक पड़ावों से गुजरते हैं।
अध्यक्षीय उद्बोधन में डॉ. मिथिलेश न कहा कि राहुल सांकृत्यायन होने का मतलब है अपने पारिवारिक-सामाजिक संस्कारों का ही अतिक्रमण ही नहीं बल्कि अपनी भी राजनीतिक-सामाजिक चिंतन में

लगातार विकास। राहुल जी से हमें ये प्रेरणा लेनी चाहिए कि रूढ़िवाद के हर रूप को किस मजबूती से ध्वस्त करना चाहिए हमें। जसम के पूर्व जिला सहसचिव कॉमरेड संतोष कुमार ने राहुल जी के जरिये औपनिवेशिक समय के अत्याचारों की याद दिलायी।
मौके पर लनामि विवि के शोध छात्र सुशील कुमार मंडल, अशोक कुमार, मंजू कुमार, अभिमन्यु बलराज, ललन कुमार तथा स्नातकोत्तर के छात्र रूपक कुमार ने भी अपनी बात रखी। कार्यक्रम का संचालन जसम के जिला सचिव समीर ने किया।

