
हंगामेदार रही जिला परिषद की बुलाई गयी विशेष बैठक।
दरभंगा: आजादी की 75वीं वर्षगांठ पर देशभर में मनाए जा रहे अमृत महोत्सव के तहत मंगलवार को जिला परिषद सभागार में बुलाई गई विशेष बैठक काफी हंगामेदार रही। बैठक से एक दिन पूर्व ही उपाध्यक्ष के साथ कई जिप सदस्यों ने इसे स्थगित करने के लिए आयुक्त को ज्ञापन सौंपा था। इसके बाबजूद हुई विशेष बैठक में करीब तीन दर्जन जिप सदस्यों ने भाग लिया।
हालांकि जिप सदस्य दो भागों में बंटे दिखे। एक पक्ष जहां बैठक को सही बताकर इसमें प्रस्ताव व योजना पारित करवाने पर उतारू था वहीं दूसरा पक्ष इस बैठक को संविधान की नियमावली के विरुद्ध इसे स्थगित करने की मांग कर रहा था। बैठक में काफी हंगामे के वाबजूद मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी सह

डीडीसी तनय सुल्तानिया ने जिप सदस्यों को 15वें व षष्टम वित्त आयोग की योजना पर चर्चा करते हुए योजनाओं के क्रियान्वयन के बारे में विस्तार से बताया।
कार्यपालक पदाधिकारी ने कहा कि गत नौ फरवरी की बैठक में कई जिप सदस्यों ने पीसीसी कार्य करवाने और पोर्टल खुलवाने का अनुरोध किया था। सदस्यों के अनुरोध पर विभाग से वार्ता कर पुन: पोर्टल खुलवाया गया तथा पीसीसी कार्य की स्वीकृति ली गई है। इसकी जानकारी देने के लिए यह विशेष बैठक बुलाई

गई है। इस बैठक में कोई विशेष प्रस्ताव पारित नहीं होंगे क्योंकि नौ फरवरी को हुई बैठक का अभी तीन माह पूरा नहीं हुआ है।
इसके अलावा उन्होंने कहा कि संवैधानिक रूप से भले ही हम इस बैठक में प्रस्ताव पारित नहीं कर पाए लेकिन सभी सदस्यों से आग्रह है कि वे अपनी योजनाओं की सूची 16 अप्रैल तक अवश्य उपलब्ध करा दें। जिप सदस्यों के बार-बार अनुरोध पर डीएम से अनुमति लेकर 14 अप्रैल को विशेष ग्राम सभा का आयोजन पूरे जिले में करवाया जा रहा है। इसमें सभी जिप सदस्य अपनी-

अपनी योजनाओं को पारित करवाकर इसकी सूची उपलब्ध करा दें अन्यथा पूर्व की उपलब्ध सूची को सही मानते हुए उसे प्राथमिकता के आधार पर कार्य के लिए प्रशासनिक स्वीकृति दे दी जाएगी।

