
दरभंगा एयरपोर्ट विस्तार पर हुई समीक्षा बैठक, नए टर्मिनल और उड़ान सेवाओं पर जोर।
दरभंगा: एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुविधाओं के विस्तार और विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा के लिए एयरपोर्ट सलाहकार समिति की बैठक स्थानीय परिसदन दरभंगा में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता स्थानीय सांसद सह समिति अध्यक्ष डॉ. गोपाल जी ठाकुर ने की।

बैठक में 29 अगस्त 2024 को हुई पिछली बैठक में लिए गए प्रस्तावों की समीक्षा की गई। सांसद डॉ. ठाकुर ने कहा कि कई कार्यों में संतोषजनक प्रगति हुई है, लेकिन कुछ मामलों में तेजी लाने की आवश्यकता है। उन्होंने जानकारी दी कि एयरपोर्ट के विस्तार के लिए राज्य सरकार ने 300 एकड़ भूमि उपलब्ध कराई है और केंद्र सरकार द्वारा 2700 करोड़ रुपए प्रदान किए गए हैं।

विद्यापति नामकरण का प्रस्ताव एयरपोर्ट के नामकरण को लेकर सांसद ने बताया कि कवि कोकिल विद्यापति के नाम पर पहले ही प्रस्ताव भेजा जा चुका है और नागरिक उड्डयन मंत्रालय से इसे शीघ्र अनुमोदित करने का आग्रह दोहराया जाएगा।

बैठक में पैदल यात्रियों के लिए सड़क निर्माण, पेयजल, शौचालय और पार्किंग जैसी मूलभूत सुविधाओं पर चर्चा हुई। सांसद ने जिलाधिकारी व नगर आयुक्त को शीघ्र कार्रवाई करने का निर्देश दिया। साथ ही एयरपोर्ट परिसर में मखाना, मिथिला पेंटिंग और मिथिला टूरिज्म से संबंधित प्रदर्शनी काउंटर लगाने के निर्देश दिए गए।
रनवे पर नाइट लैंडिंग की सुविधा शीघ्र शुरू करने और कैट-टू लाइट निर्माण कार्य पूरा करने का निर्देश एयरपोर्ट डायरेक्टर को दिया गया। सुरक्षा के लिए सीआईएसएफ कैंप की स्थायी व्यवस्था और उनके आवास हेतु जमीन अधिग्रहण का प्रस्ताव भेजे जाने की बात सामने आई।

नया टर्मिनल भवन और उड़ान सेवाएं एजेंसी के अधिकारियों ने जानकारी दी कि 912 करोड़ की लागत से नए टर्मिनल भवन का 30% कार्य पूरा हो चुका है।
वहीं, स्पाइसजेट प्रतिनिधि ने बताया कि 20 सितंबर से बेंगलुरु के लिए उड़ान सेवा शुरू होगी और छठ पूजा के बाद अहमदाबाद के लिए भी उड़ान मिलेगी। सांसद ने अयोध्या, रांची और चेन्नई जैसे शहरों के लिए भी उड़ान सेवा शुरू करने का निर्देश दिया।
सांसद ने कहा कि दरभंगा एयरपोर्ट नेपाल और पूर्वोत्तर राज्यों का केंद्र बिंदू है। इसे अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बनाने की दिशा में सभी औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी। भविष्य में दुबई और खाड़ी देशों के लिए भी उड़ान सेवाएं शुरू की जा सकती है।
बैठक में विधायक डॉ. मुरारी मोहन झा, पूर्व विधायक अमरनाथ गामी, जिलाधिकारी कौशल कुमार, नगर आयुक्त राकेश गुप्ता, सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार सहित अन्य अधिकारी, समिति सदस्य और निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

