Home मुख्य वर्दी को दागदार करने वाले को एसएसपी ने किया निलंबित। Voice of Darbhanga
मुख्य - November 1, 2016

वर्दी को दागदार करने वाले को एसएसपी ने किया निलंबित। Voice of Darbhanga

img_20161101_111241_918

दरभंगा: अदालत का फर्जी कुर्की जब्ती का इश्तहार चिपकाने के मामले में विश्वविद्यालय थाना के एएसआई और कांड के अनुसंधानक प्रमोद कुमार द्विवेदी को एसएसपी सत्यवीर सिंह ने निलंबित कर दिया है।
अनुसंधानक प्रमोद कुमार द्विवेदी पर आरोप था कि पहले वर्दी का रौब दिखाकर हज़ारो रुपये ऐंठे जब वर्दी का रौब कमा तो अदालत के फ़र्ज़ी कुर्की जब्ती का नोटिस दिखा कर आरोपी से रुपये ठगते रहा। इसका भेद खुलने के बाद पीड़ित ने पुलिस के खिलाफ आईजी को लिखित शिकायत की थी।
दरअसल बिहार के दरभंगा में ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय थाना के सब इन्स्पेक्टर प्रमोद कुमार द्विवेदी पर आरोप लगाते हुए कहा कि पहले संतोष साह को गलत तरीके से पुलिस एक केस में नाम डाल कर फसाया फिर वर्दी का रौब दिखा और जेल भेजने का भय दिखा कर हज़ारो रुपये ऐंठे बाद में जब संतोष साह के परिजन और पैसा देने से इंकार किया तो आरोपी सब इंस्पेक्टर ने पैसे कमाने के लिए एक नई साज़िश रची। एक साज़िश के तहत पहले आरोपी सब इन्स्पेक्टर ने अदालत के फ़र्ज़ी कुर्की जब्ती का नोटिस तैयार किया और संतोष साह के घर जाकर संतोष के घर की दीवाल पर नोटिस को चिपका भी डाला फिर घरवालो को कुर्की जब्ती का डर दिखा पैसे ऐंठने शुरू कर दिए। कुछ दिन बाद फिर दुबारा वैसी ही नोटिस को चिपका कर फिर पैसे ऐंठने लगा। ऐसे में संतोष के घरवालो को शक हुआ। फिर कुर्की के इश्तहार को ले जाकर अपने वकील को दिखाया जिसके बाद पता चला की अदालत ने कोइ कुर्की जप्ती के आदेश का नोटिस ही नहीं दिया।
संतोष साह के परिजन को मामले को समझने में देर नहीं लगी और फ़र्ज़ी इश्तहार को अपना सबूत बनाकर सब इन्स्पेक्टर के खिलाफ दरभंगा प्रक्षेत्र के IG को लिखित शिकायत की जिसके बाद IG ने मामले की गंभीरता को देखते इसके जांच के आदेश भी दे दिए थे।
मुक़दमे के पेंच में फसा परिवार संतोष को बेगुनाह मानता है और पुलिस पर ही कई तरह के आरोप मढ़ देता है हलाकि जिस केस में संतोष साह आरोपी है वह तो जांच के बाद साबित होगा या यू कहे की अदालत के फैसले तक इंतज़ार करना होगा की संतोष के ऊपर लगाये आरोप कितने सच्चे है या कितने झूठे पर पुलिस पर जो आरोप लगे है उसके पुख्ता सबूत के साथ न्याय मागने पूरा परिवार पंहुचा था जिसके बाद एसएसपी द्वारा उक्त पुलिसकर्मी के विरुद्ध निलंबन की कारवाई की गयी है।

Share

Leave a Reply