
कानपुर में गैस रिसाव से बड़ा हादसा, मृत पांच मजदूर में दो दरभंगा के। Voice of Darbhanga

दरभंगा : उत्तर प्रदेश के कानपुर में शिवराजपुर में एक कोल्ड स्टोरेज की बहुमंजिला बिल्डिंग उस समय धराशाई हो गई, जब उसमें निर्धारित सीमा से अधिक आलू को स्टोर करने की कोशिश की गई. इसमें फिलहाल 5 लोगों की मौत होने की खबर है. जबकि 40 के करीब मजदूर बिल्डिंग के मलबे में दबे हुए हैं. इसमें अधिकतर बिहार से आए मजदूर हैं. हादसे के बाद बिल्डिंग के मलबे से अमोनिया गैस रिसने से चारो ओर चीख पुकार मची हुई है. घटनास्थल के आसपास भारी संख्या में लोग मौजूद हैं.
मलबे में दबने से 5 मजदूरों की मौतः
सहरसा निवासी संजय यादव (28), दरभंगा निवासी भुवनेश्वर, दरभंगा के कुसगेश्वरस्थान निवासी रामबली,सहरसा के संजय सदा, शीतगृह के लोडिंग बाबू स्वदेश कटियार शिवराजपुर
हादसे में घायल लोगों के नामः
रंजीत सहनी- बेगूसराय
गोरेलाल सहनी- बेगूसराय
मनीष सहनी- बेगूसराय
जीतेंद्र राम- दरभंगा
रामा नंद – दरभंगा
पवन कुमार- सहरसा
धनंजय राय- सहरसा
चमन सिंह थापा- बरुला नेपाल
मिली जानकारी के अनुसार कानपुर में शिवराजपुर के मणिपालपुर इलाके में एक कई मंजिला कोल्ड स्टोरेज की भारी भरकम बिल्डिंग पूरी तरह से धराशाई हो गई. खेतों के बीच बने इस कोल्ड स्टोरेज में हाल ही मे दो नए स्टोर चेंबर बनाए गए थे. आलू की जबरदस्त पैदावार के बीच कोल्ड स्टोर में भारी मात्रा में आलू का स्टाक मौजूद था और लगातार आलू की लोडिंग जारी थी. इसी बीच तेज आवाज के साथ पूरी बिल्डिंग जमीन पर आ गई.
जानकारी के मुताबिक कूलिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली अमोनिया गैस का सिलेंडर फटने से लोडेड बिल्डिंग गिर गई. सूत्रों ने बताया कि इस समय बिल्डिंग के मलबे के नीचे करीब 40 मजूदर दबे हुए हैं, जिनमें से ज्यादातर बिहार से आए हुए बताए जा रहे हैं.
शिवराजपुर में हुए इस बड़े हादसे के बाद पूरा जिला प्रशासन हरकत में आ गया है. कानपुर के सबसे बड़े हॉस्पिटल हैलट अस्पताल को एलर्ट पर रखा गया है ताकि हादसे में हताहत लोगों का जल्दी से जल्दी इलाज किया जा सके. आसपास के खेतों में काम कर रहे किसानों के अनुसार मलबे में से अमोनिया गैस रिसने के कारण बचाव कार्य धीमी गति से ही हो पा रहा है. पुलिस के जवान तेजी से अपना काम नहीं कर पा रहे हैं.

