
सर सैयद डे पर गोष्ठी का आयोजन। Voice of Darbbanga

दरभंगा: सर सैयद साहब आधुनिक तालीम के हिमायती थे। उन्होंने 19 वीं शदी में मुस्लमानों की स्थिति को देखकर काफी चिंतित थे। सर सैयद डे पर सोमवार को ऑल इंडिया मुस्लिम जागरूकता कारवां की ओर से मिल्लत कॉलेज में आयोजित एक गोष्ठी में ये बातें कही। उन्होंने कहा कि सर सैयद ने जीवन भर मुसलमानों की हालात को बेहतर बनाने के लिए प्रयत्न किया। अंग्रेजी व साइंस की तालीम के पक्षधर रहे सर सैयद ने 1875 में मोहम्मद एंगलों ओरिएंटल कॉलेज खोला जो 1920 में जाकर अलीगढ़ मुस्लिम विवि बना। वे सदा प्रोग्रेसिव सोच लेकर हिुदं- मुस्लिम समाज में समपसता की बात करते रहे। उर्दू के प्रोफेसर हाफिज अनीस, प्रोफेसर रईस अनवर रहमान, मुफ्ती जावेद अख्तर की तिलावत आदि ने विचार रखे। अध्यक्षता प्रधानाचार्य डॉ. हमतुल्लाह नेकिया। डॉ आफताब अशरफ, प्रो. अल्ताफ हक, डॉ जियालुरहमान, रिजवान अहमद, डॉ. अनीस अहमद, विजय मिश्रा, हेमंत कुमार झा, शहनाज बेगम, डॉ अहसा एन आलम, मेहदी रजा अनवर सार्वभौमिक, डॉ. मंसूर सुशतर, फिरदौस अली आदि मौजूद थे।

