
बस स्टैंड फायरिंग कांड में दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
दरभंगा: बस स्टैंड के टेंडर के महज 4 दिन बाद शहर में 2 अलग-अलग जगहों पर दिनदहाड़े फायरिंग हुई थी। दोनों घटनाओं में अपराधियों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं। इससे शहर में दहशत फैल गई थी। पुलिस के लिए यह बड़ा चैलेंज बन गया। दरभंगा पुलिस ने इसे चुनौती के रूप में लिया। इसके बाद लगातार कार्रवाई शुरू की गई।

सदर थाना क्षेत्र के दिल्ली मोड़ के पास हुई फायरिंग में पुलिस को सफलता मिली। यहां से दो अपराधी रौशन कुमार और विशाल कुमार को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से एक लोडेड पिस्टल और एक देसी कट्टा बरामद हुआ। फायरिंग दरभंगा बस स्टैंड के पास हुई थी।

दूसरी घटना केवटी थाना क्षेत्र के भडयाही गांव की है। यहां एक घर पर दिनदहाड़े फायरिंग हुई। इस मामले में अब तक पुलिस को कोई सफलता नहीं मिली है।

दरभंगा सदर के एसडीपीओ राजीव कुमार ने दोनों घटनाओं की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि दोनों घटनाएं बस स्टैंड के टेंडर को लेकर हुई है। यह पूरी तरह वर्चस्व की लड़ाई है। पुलिस ने अब तक 18 से 20 बदमाशों की पहचान कर ली है। 2 की गिरफ्तारी हो चुकी है। बाकी की तलाश में दबिश दी जा रही है।
एसडीपीओ ने यह भी बताया कि फायरिंग का निशाना बस स्टैंड में राजस्व वसूली करने वाला मनीष यादव था, लेकिन संयोग से वह बच गया।

