
चैतन्य कुटी परिसर में मनाई गई राधा रानी की छठिहार महोत्सव।
दरभंगा: जाले के रतनपुर स्थित श्रीचैतन्य कुटी परिसर में रविवार को श्रीराधा रानी का छठिहार महोत्सव भक्ति भाव से धूमधाम से मनाया गया। महोत्सव को लेकर सुबह से ही बधाई गीतों से श्रीचैतन्य कुटी परिसर गुंजायमान हो रहा था। इस समारोह में शामिल होने के लिए देश के कोने-कोने से संत, महंत और उत्कृष्ट कथावाचक पहुंचे थे।
देश के प्रख्यात कथावाचक श्रीमन्माध्व गौड़ेश्वर वैष्णवाचार्य पुंडरीक गोस्वामीजी महाराज श्रीचैतन्य कुटी परिसर पहुंचे। जगद्गुरु श्रीराधाबल्लव दास देवाचार्यजी महाराज ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उनका स्वागत किया। कुटी पर मौजूद दर्जनों वैष्णवों एवं संतों ने भी पुष्प की वर्षा कर पुंडरीकजी महाराज का स्वागत किया।
उन्होंने जनक नंदनी सीताजी की धरती के रज को अपने मष्तक से लगाया। इसके बाद वे मधुबनी जिला के बेनीपट्टी कुटी के लिए प्रस्थान किए। मौके पर अयोध्या के संत जनक दुलारी शरण, वृंदावन की साध्वी निकुंज मंजरी चंचला चैतन्य गौड़, श्रीगौरांग दासजी, श्रीभरत दास, श्रीउद्धव दास आदि संत मौजूद थे।

