
सरकार ने शिक्षकों को फिर ठगने का किया है प्रयास: शम्भू यादव।
दरभंगा: लम्बे समय से नियमित शिक्षकों के भांति सेवाशर्त एवं वेतन की मांग कर रहे स्थानीय निकायों के प्राथमिक से लेकर उच्चत्तर माध्यमिक तक शिक्षकों के लिए बिहार सरकार ने वेतन वृद्धि का नया सैलाब जारी करते हुए ऑनलाइन कैलकुलेटर बनने के बाद शिक्षकों को लाभ देने से सम्बन्धित आदेश शुक्रवार को जारी किया।
इस आदेश पर त्वरित प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए बिहार राज्य प्रारम्भिक शिक्षक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सह जिलाध्यक्ष शम्भू यादव ने कहा कि सरकार ने फिर से शिक्षकों को ठगा है। एक तो पन्द्रह प्रतिशत वेतन वृद्धि का आदेश देने में औऱ सैलाब निर्धारित करने में ही सरकार को कई महीने लग गए वही दूसरी ओर ऑनलाइन केलकुलेटर का बहाना बनाकर फिर इसे टालने की साजिश कर रही है। एक और बड़ी खामी इस वेतन वृद्धि में यह है कि जिन शिक्षकों को जुलाई में इंक्रीमेंट मिलता है उन्हें भी जनवरी में ही इंक्रीमेंट देने की बात कही गई है जिससे शिक्षको को प्रतिमाह सात सौ से आठ सौ रुपए की क्षति होगी।

उन्होंने बताया कि राज्यकर्मियो को मिल रहा है उससे भी 17 प्रतिशत कम दे रही है। आगे उन्होंने बताया कि जब 18 अगस्त 2020 को ही केबिनेट की मंजूरी मिली तथा 7 नवम्बर को वित्त विभाग की मंजूरी मिल गई फिर फिक्सेशन, सॉफ्टवेयर और वेतन की राशि खाते में आने का समय भी जारी करे।

