
राहुल रंजन ने राजस्व कर्मचारी बन लहराया सफलता का परचम।
दरभंगा शहर के छोटे से गांव इन्दिरानगर (थलवारा) के निवासी उमेश प्रसाद के पुत्र राहुल रंजन ने बिहार कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित प्रथम इन्टर स्तरीय प्रतियोगिता परीक्षा में सफलता हासिल कर माता-पिता समेत गांव का नाम रौशन किया है । गौरतलब हो कि यह विज्ञप्ति 2014 की है जिसका अंतिम परिणाम 26 जून को देर रात जारी किया गया, जिसमें राहुल रंजन का चयन इस विज्ञप्ति के सबसे उच्च पद ‘राजस्व कर्मचारी’ के पद पर हुआ जिससे राहुल रंजन समेत पूरे परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई ।
राहुल रंजन ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि ‘जब दुनिया लॉकडाउन मना रही थी तब वह घर में बैठकर जी-तोड़ पढ़ाई कर रहे थें जिसका परिणाम आज उन्हें राजस्व कर्मचारी के तौर पर मिला है’ साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि कभी उन्होंने किसी भी निजी संस्था से नहीं जुड़ा बल्कि निरंतर अपने मित्रगण के साथ सामुहिक तौर पर पढ़ाई किया करता था जिसमें उन्होंने’ ‘यूरेका क्लब’ तथा ‘शारदा क्लब लहेरियासराय’ का नाम बताया ।

राहुल रंजन ने इस सफलता का मूलमंत्र यह बताया कि “मुसीबत कितनी भी हो मेहनत निरंतर जारी रखनी चाहिए, अडिग हौसलों को देखकर सफलता खुद घुटने टेक देती है” तथा राहुल रंजन ने इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, भाई व मित्रों को दिया है।
इनके इस सफलता पर माता-पिता समेत भाई कवि ऋषि रंजन, अजय कुमार, प्रमोद दास, नित्यानंद व अन्य परिजनों एवं मित्रों ने शुभकामनाएं दी ।

