Home Featured स्थापना दिवस समारोह का प्रभारी मंत्री ने किया उद्घाटन, कुर्सियां खाली देख डीडीसी की लगायी क्लास।
December 31, 2019

स्थापना दिवस समारोह का प्रभारी मंत्री ने किया उद्घाटन, कुर्सियां खाली देख डीडीसी की लगायी क्लास।

दरभंगा: भवन निर्माण मंत्री व जिले के प्रभारी मंत्री महेश्वर हजारी ने मंगलवार की शाम 146वें जिला स्थापना दिवस के अवसर पर नेहरू स्टेडियम में आयोजित दो दिवसीय समारोह का दीप प्रज्वलन कर उद्घाटन किया। हालांकि उद्घाटन के समय तीन चौथाई से अधिक कुर्सियां खाली ही थी। अधिकतर सरकारी कर्मी एवं सुरक्षाकर्मी तथा मीडिया कर्मी ही नजर आए। आमलोगों की उपस्थिति नगण्य थी।

दर्शक दीर्घा के साथ साथ अतिथि दीर्घा का हाल भी बुरा ही था। आमंत्रित तीनो सांसद, दस विधायक, तीन एमएलसी, जिलापरिषद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महापौर आदि सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्तियों को आमंत्रित किया गया था। परंतु मंच पर केवल एक नगर विधायक और एमएलसी दिलीप चौधरी ही प्रमुख चेहरे नजर आए।
कुर्सियां खाली देख प्रभारी मंत्री श्री हजारी अपना आपा खो बैठे। उन्होंने आयोजन फीका रहने को लेकर प्रभारी मंत्री ने जिला प्रशासन पर नाराजगी जतायी। तीन चौथाई कुर्सियां खाली देख मंत्री अपना आपा खो बैठे और प्रभारी जिलाधिकारी सह डीडीसी कारी प्रसाद महतो की मंच से ही जमकर क्लास लगा दी। उन्होंने कहा कि धूमधाम से स्थापना दिवस मनाने के लिए राज्य सरकार राशि आवंटित करती है। इस मौके पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाना चाहिए। सांस्कृतिक कार्यक्रम के माध्यम से एक ओर जिले की प्रभिाओं को मंच मिल सकेगा, वहीं दूसरी ओर दरभंगा की सांस्कृतिक विरासत की झलक लोग देख सकेंगे।
साथ ही समारोह के दौरान स्वतंत्रता सेनानी, इतिहासकार व बुद्धिजीवियों की नगणय उपस्थिति को भी मंत्री ने गंभीरता से लिया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन को इन्हें आमंत्रित करना चाहिए था ताकि उनके माध्यम से युवा पीढ़ी को जिले के गौरवमयी इतिहास की पूरी जानकारी मिल सके। उन्होंने कहा कि समारोह के दौरान लोगों की कम उपस्थिति से यह स्पष्ट होता है कि इसका प्रचार-प्रसार भी नहीं किया गया। उन्होंने भविष्य में स्थापना दिवस समारोह का आयोजन धूमधाम से करने की हिदायत दी।
उद्घाटन के दौरान दरभंगा के समृद्ध एवं गौरवशाली इतिहास का वर्णन करते हुए मंत्री श्री हजारी ने कहा कि पटना जो आज बिहार की राजधानी है, उसे ओडिशा ले जाया जा रहा था। महाराजाधिराज दरभंगा की ही देन है जो पटना बिहार की राजधानी बन सकी। उन्होंने कहा कि मिथिलांचल के विकास में दरभंगा महाराज के योगदान का भुलाया नहीं जा सकता। दरभंगा का इतिहास गौरवशाली रहा है। यहां की प्राकृतिक व सांस्कृतिक इतिहास की पूरी दुनिया में चर्चा होती है।
उन्होंने कहा कि देश ही नहीं विदेश में रह रहे भारतीय मिथिलांचल में संबंध बनाने को व्याकुल रहते हैं। यहां के संस्कार व तहजीब की कोई सानी नहीं है। देश के कोने-कोने में दरभंगा का नाम जाना जाता है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार दरभंगा व मिथिलांचल के संपूर्ण विकास के लिए संकल्पित हैं। हर क्षेत्र के विकास के लिए राज्य सरकार काम कर रही है।
विधान पार्षद डॉ. दिलीप कुमार चौधरी एवं नगर विधायक संजय सरावगी ने स्थापना दिवस के मौके पर लोगों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि दरभंगा जिला का इतिहास गौरवमयी रहा है। सभी को मिलजुल कर जिले का गौरव बनाएं रखने की दिशा में काम करना है। इससे हर जिला वासी का गौरव बढ़ेगा। इससे पूर्व प्रभारी डीएम सह डीडीसी कारी प्रसाद महतो ने अतिथियों का स्वागत किया।

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